बिलासपुर— शासकीय प्राथमिक शाला नवाडीह, संकुल बानाबेल में शाला अनुदान एवं अन्य अनुदान राशि में कथित अनियमितताओं और फर्जी बिलों के जरिए सरकारी राशि के आहरण की खबर के बाद आखिरकार शिक्षा विभाग हरकत में आ गया। बुधवार को विभागीय जांच अधिकारी विद्यालय पहुंचे और शिकायत में लगाए गए प्रत्येक बिंदु की गहन जांच की।
जांच अधिकारियों ने विद्यालय के अभिलेख, खरीदी से संबंधित बिल, भुगतान रजिस्टर, वाउचर एवं अन्य दस्तावेजों का बारीकी से परीक्षण किया।
खबर में लगे बिन्दुओं के अनुसार दस्तावेजों का भी मिलान किया गया। कई घंटों तक चली जांच के दौरान संबंधित प्रधान पाठक से भी जानकारी ली गई।
सूत्रों के अनुसार जांच पूरी होने के बाद अधिकारियों ने अपना प्रतिवेदन तैयार कर जिला शिक्षा अधिकारी, बिलासपुर को भेज दिया है। अब पूरे मामले में अंतिम निर्णय जिला शिक्षा अधिकारी के स्तर पर लिया जाएगा।
गौरतलब है कि खबर में वर्ष 2023 से अब तक शाला अनुदान राशि के उपयोग में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाया गया है। कई बिलों में बिल क्रमांक, संस्था का नाम, तिथि एवं हस्ताक्षर नहीं होने, वहीं कुछ दुकानों के नाम से ऐसे सामानों के बिल लगाए जाने का आरोप है, खबर में जिस हिसाब से सवाल उठाए हैं। इन्हीं आरोपों के आधार पर निष्पक्ष जांच की मांग की गई थी।
शिक्षा विभाग की जांच के बाद अब क्षेत्र के ग्रामीणों, अभिभावकों और जनप्रतिनिधियों की निगाहें जिला शिक्षा अधिकारी के निर्णय पर टिकी हुई हैं। यदि जांच प्रतिवेदन में शिकायत के आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित जिम्मेदारों पर विभागीय कार्रवाई की तलवार लटक सकती है।

